हद से ज़्यादा खूबसूरत
हद से ज्यादा ख़बसूरतू बेहिसाब बेकसूर हो तुमकुदरत ने जिसे तराशाऐसी नूर हो तुम बेहिचक तुझे देखता रहूँ ऐसी हूर हो तुममेरी अमानत
हद से ज्यादा ख़बसूरतू बेहिसाब बेकसूर हो तुमकुदरत ने जिसे तराशाऐसी नूर हो तुम बेहिचक तुझे देखता रहूँ ऐसी हूर हो तुममेरी अमानत
ज़मीं हो तुमआसमाँ हो तुममंजिल तुम ही होकारवाँ हो तुम तुम्हारे लिए मैंलुटने को तैयार हूँतुम्हारे लिए मैंमिटने को तैयार हूँ पर जान
1) मम्मी का प्यारचावल दाल मिर्चे का आचार 2) इसमें शंका काहें का मालिकरिश्ता वही जो स्वाभाविक 3) अंधेरे और उजाले में आज
( Jashn Sehat Ka ) Hum Hindustaniyon ko bas ek bahaana chahiye,Bahaana jashn ka. Jashn ho tyohaar ka,Ya badhte vyapaar ka. Doston ke
( Song on Women Health awareness ) We cannot change, what’s gone is gone. We can do one thing, is just move on.
क़ैद से छूटा हूंफिर क़ैद न करना मुझकोबेबाक हूंबेबात न मरना मुझकोमौज हूंमौज में रहना मुझकोकविता हूंकभी फुर्सत से पढ़ना मुझको
बेचारा सा एक कलम पड़ा था मेज के कोने मेंमैने तरस खाके उसकी ओर देखा कलम मुस्कुराके बोलासाला मैं बेचारा नहीं तुम बेचारे
मान का नशाशान का नशाकाम का नशाजाम का नशानाम का नशासम्मान का नशाजीवन ने बनाए ये सारे नशेजीव बनाए राम का नशा
अंजान हैं अपनों सेपर सबकी खबर चाहिए रंजिश हवा में तैर रहेदुआओं में असर चाहिए मजमा लगा विचारों काअपनाने का जिगर चाहिए इश्क़